कुछ पल जगजीत सिंह के नाम

November 30, 2007

मदीने को जायें ये जी चाहता है

मदीने को जायें ये जी चाहता है,
मुक़द्दर बनायें ये जी चाहता है,

मदीने के आका दो आलम के मौला,
तेरे पास आयें ये जी चाहता है,

जहां दोनों आलम हैं महर-ए-तमन्ना,
वहां सर झुकायें ये जी चाहता है,

मोहम्मद की बातें मोहम्मद की सीरत,
सुनें और सुनायें ये जी चाहता है,

Singer: Chitra Singh

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